पुराने मोबाइल से डेटा चोरी का खतरा: सोनकच्छ में गली-गली घूम रहे खरीददार, रहें सावधान

पुराने मोबाइल से डेटा चोरी

देवास, अप्रैल 2026। जिले के सोनकच्छ क्षेत्र सहित आसपास के इलाकों में इन दिनों गली-गली घूमकर पुराने मोबाइल फोन खरीदने वाले अनजान लोग सक्रिय दिखाई दे रहे हैं। यह गतिविधि अब केवल कबाड़ खरीदने तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि इसके जरिए साइबर ठगी और पुराने मोबाइल से डेटा चोरी का बड़ा नेटवर्क सक्रिय होने की आशंका जताई जा रही है।

विशेषज्ञों और जागरूक नागरिकों का कहना है कि बिना सावधानी के पुराने मोबाइल फोन बेचना आपके निजी डेटा की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन सकता है।

पुराने मोबाइल से कैसे हो सकती है डेटा चोरी?

आज के समय में मोबाइल फोन केवल एक डिवाइस नहीं, बल्कि हमारी पूरी जिंदगी का डिजिटल रिकॉर्ड होता है। इसमें शामिल होता है :

  • बैंकिंग और UPI ऐप्स की जानकारी
  • निजी फोटो और वीडियो
  • कॉन्टैक्ट लिस्ट (परिवार और दोस्तों के नंबर)
  • सोशल मीडिया अकाउंट्स
  • OTP और मैसेज डेटा

ऐसे में यदि कोई व्यक्ति बिना पूरी तरह डेटा डिलीट किए अपना मोबाइल बेच देता है, तो यह जानकारी गलत हाथों में जा सकती है।

मदरबोर्ड से निकाला जाता है डेटा

पुराने मोबाइल से डेटा चोरी का खतरा

जानकारी के अनुसार, पुराने मोबाइल खरीदने वाले कुछ लोग फोन के मदरबोर्ड से डेटा रिकवर करने में सक्षम होते हैं।

  • डिलीट किया गया डेटा भी रिकवर किया जा सकता है
  • तकनीकी उपकरणों की मदद से फाइल्स दोबारा निकाली जाती हैं
  • इसके बाद यह जानकारी साइबर ठगों को बेची जाती है

यही कारण है कि कई बार लोग सोचते हैं कि “हमारा डेटा किसी को कैसे मिला”, जबकि असल में वह डेटा उनके पुराने फोन से ही लीक हुआ होता है।

साइबर ठगी के मामलों से जुड़ा खतरा

देशभर में साइबर ठगी के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है।

टीवी और अखबारों में रोजाना ऐसे मामले सामने आते हैं, जहां :

  • बैंक खाते से पैसे निकाल लिए जाते हैं
  • फर्जी कॉल के जरिए लोगों को डराकर पैसे वसूले जाते हैं
  • रिश्तेदारों के नाम पर धोखाधड़ी की जाती है

इन सभी मामलों में सबसे बड़ी भूमिका आपकी निजी जानकारी की होती है, जो ठगों तक पहुंच जाती है।

सोनकच्छ में सामने आया मामला

हाल ही में देवास जिले के सोनकच्छ क्षेत्र की एक गली में एक अनजान व्यक्ति पुराने मोबाइल फोन खरीदते हुए देखा गया।

  • वह गली-गली घूमकर मोबाइल खरीदने की आवाज लगा रहा था
  • स्थानीय लोगों ने उसकी गतिविधि पर संदेह जताया
  • इस घटना का वीडियो भी सामने आया है

यह घटना लोगों के लिए चेतावनी का संकेत है कि वे ऐसे अनजान लोगों से सतर्क रहें।

क्यों खतरनाक है “कबाड़ी को मोबाइल बेचना”?

कई लोग चंद पैसों के लालच में अपने पुराने या खराब मोबाइल फोन कबाड़ी को बेच देते हैं। लेकिन यह छोटी सी लापरवाही बड़ी समस्या बन सकती है।

खतरे :

  • डेटा चोरी का जोखिम
  • बैंकिंग फ्रॉड
  • पहचान का दुरुपयोग
  • परिवार और रिश्तेदारों को भी खतरा

मोबाइल बेचने से पहले क्या करें?

यदि आपको अपना पुराना मोबाइल बेचना है, तो इन जरूरी बातों का ध्यान रखें :

1. पूरा डेटा डिलीट करें

  • फोन को फैक्ट्री रीसेट करें
  • सभी अकाउंट्स (Google, WhatsApp) लॉगआउट करें

2. मेमोरी और सिम निकालें

  • SD कार्ड और सिम कार्ड निकाल लें

3. डेटा ओवरराइट करें

  • एक बार रीसेट के बाद कुछ डमी डेटा डालकर दोबारा रीसेट करें

4. भरोसेमंद जगह पर बेचें

  • अधिकृत मोबाइल स्टोर या एक्सचेंज प्लेटफॉर्म का उपयोग करें

5. अनजान लोगों से बचें

  • गली-मोहल्लों में घूमने वाले अज्ञात व्यक्तियों को मोबाइल न बेचें

जागरूकता ही बचाव है

साइबर अपराध से बचने का सबसे बड़ा उपाय जागरूकता है।

यदि आप सावधानी बरतते हैं, तो :

  • आपका डेटा सुरक्षित रहेगा
  • आप ठगी से बच सकते हैं
  • दूसरों को भी जागरूक कर सकते हैं

निष्कर्ष

सोनकच्छ में पुराने मोबाइल खरीदने वाले अनजान लोगों की गतिविधि एक गंभीर चेतावनी है। ऐसे मामलों में छोटी सी लापरवाही भी बड़े नुकसान का कारण बन सकती है।

इसलिए जरूरी है कि :

  • अपने पुराने मोबाइल को सुरक्षित तरीके से ही बेचें
  • किसी भी अनजान व्यक्ति पर भरोसा न करें
  • और अपने डेटा की सुरक्षा को प्राथमिकता दें